कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने शनिवार सुबह रवाना होने से पहले कहा कि भारत आतंकवाद के सामने चुप नहीं बैठेगा। वह पांच देशों की यात्रा पर निकले एक उच्च स्तरीय सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे हैं। यह दौरा भारत के कूटनीतिक प्रयासों का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य सीमा पार आतंकवाद में पाकिस्तान की भूमिका को उजागर करना और वैश्विक समर्थन जुटाना है।
“हम बहस नहीं, समझाने जा रहे हैं”: थरूर
थरूर ने कहा कि सरकार ने अपना रुख साफ कर दिया है। “हम वहां यह समझाने जा रहे हैं कि भारत ने ऑपरेशन सिंदूर क्यों किया और भविष्य में हमारा रुख ऐसा ही क्यों रहेगा। हम बहस करने नहीं, लोगों से संवाद करने जा रहे हैं,” उन्होंने कहा।
पांच देशों की यात्रा पर निकला प्रतिनिधिमंडल
थरूर के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल गुयाना, पनामा, कोलंबिया, ब्राजील और अमेरिका का दौरा करेगा। वहां यह प्रतिनिधिमंडल सरकारों, सांसदों, थिंक टैंक और प्रवासी भारतीयों के साथ मुलाकात करेगा। मकसद: एक मजबूत संदेश देना कि भारत आतंकवाद के हर रूप का विरोध करता है।
“यह राष्ट्रीय मिशन है”: थरूर
थरूर ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर एक वीडियो संदेश में इसे “राष्ट्रीय मिशन” करार दिया। उन्होंने कहा, “हम दुनिया को यह समझाना चाहते हैं कि भारत आतंकवाद के खिलाफ दृढ़ है। हम शांति, लोकतंत्र और स्वतंत्रता के लिए खड़े हैं, न कि घृणा और हिंसा के लिए। हमारा संदेश स्पष्ट है और संकल्प अडिग।”