ऐसे में, लोगों को अब तत्काल टिकट का ही सहारा है। धनबाद और रांची से जाने वाली ट्रेनों के बोगी बढ़ाने की घोषणा अब तक नहीं हुई है, जिसके कारण यात्री त्योहारों के दौरान परेशानी का सामना कर सकते हैं।
दिवाली 12 व छठ पूजा 17 नवंबर से शुरू
कोडरमा स्टेशन से लोग उतरकर हजारीबाग प्रमंडलीय क्षेत्र के हजारीबाग बरही, बरकाकाना, गिरिडीह तथा बिहार के नवादा तक जाते हैं। ऐसे में, दिवाली और छठ बाद झारखंड से वापस लौटने के लिए ट्रेन में टिकट मिलना असंभव हो जाता है। इस बार दिवाली 12 नवंबर को व छठ पूजा 17 नवंबर से शुरू होगी। ऐसे में, 8 नवंबर के बाद की तारीखों के लिए दिल्ली-मुंबई से आने वाली ट्रेनों में वेटिंग चल रही है।पूजा स्पेशल ट्रेनों पर टिकीं उम्मीदें
भुवनेश्वर राजधानी, रांची राजधानी एक्सप्रेस में एसी व स्लीपर में लंबी वेटिंग है। ऐसे में, पर्व में घर आने वालों की अब तत्काल व पूजा स्पेशल ट्रेनों पर उम्मीदें टिकी हुई हैं। दीपावली-छठ के समय में बिहार-झारखंड आने वाली ट्रेनों की बुकिंग शुरू होते ही लोग सीटें आरक्षित करा लेते हैं।
पुरुषोत्तम एक्सप्रेस में नो रूम
दिवाली और छठ पूजा पर ट्रेनों में सीट नहीं मिल रही हैं। नई दिल्ली से कोडरमा होकर पुरी जाने वाली पुरुषोत्तम एक्सप्रेस में भी 10 नवंबर एसी और स्लीपर क्लास में नो रूम है। 15 नवंबर तक 150 से 200 सौ से अधिक वेटिंग है। इसी प्रकार, झारखंड एक्सप्रेस से भी कोडरमा झारखंड आना मुश्किल है। 10 नवंबर नो रूम और 12 नवंबर तक लंबी वेटिंग है।
8 नवंबर से मुंबई मेल समेत राजधानी में सीटें उपलब्ध नहीं
दिल्ली, मुंबई, कोलकाता महानगरों के अलावा गुजरात, राजस्थान, से आने वाली ट्रेनों में दीपावली पर्व को लेकर 8 नवंबर से सीटें उपलब्ध नहीं हैं। मुंबई मेल में 8 से 16 नवंबर तक स्लीपर क्लास में वेटिंग लिस्ट 250 से अधिक और सेकंड व थर्ड एसी में 150 से 200 तक पहुंच गई है। इसी प्रकार छह से 16 नवंबर तक जोधपुर व अजमेर-सियालदह एक्सप्रेस में स्लीपर से सेकंड एसी में वेटिंग है।