नई दिल्ली,(नेशनल थॉट्स ) : सनातन धर्म में एकादशी व्रत को विशेष महत्व दिया जाता है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा का विधान है। साल में कुल 24 एकादशियां आती हैं, जिनमें एक महत्वपूर्ण एकादशी व्रत 8 दिसंबर को आ रहा है। जो लोग इस व्रत को आचरण करना चाहते हैं, उन्हें भगवान विष्णु की पूजा को सच्चे दिल और समर्पण भाव से करना चाहिए। इसके साथ ही, इस व्रत के कुछ नियमों का भी पालन करना चाहिए। आइए, इन नियमों को जानते हैं-
उत्पन्ना एकादशी पर न करें ये काम
- धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन किसी भी जातक को चावल का सेवन नहीं करना चाहिए, जो लोग ऐसा करते हैं उनके घर में दरिद्रता का वास सदैव बना रहता है। कहा जाता है, ऐसे जातक का अगला जन्म रेंगने वाले कीड़े के रूप में होता है। इसलिए इस दिन चावल के सेवन से बचना चाहिए।
- यह दिन भगवान विष्णु की पूजा के लिए समर्पित है। ऐसे में इस शुभ दिन पर ब्रह्मचर्य नियम का पालन जरूर करना चाहिए। साथ ही अपने साथी के साथ भूलकर भी शारीरिक संबंध नहीं बनाना चाहिए।
- उत्पन्ना एकादशी के दिन क्रोध करने से बचना चाहिए, जो लोग इस दिन लड़ाई-झगड़ा करते हैं उनका सारा पुण्य समाप्त हो जाता है।
- इस दिन किसी भी व्यक्ति को तामसिक भोजन करने से बचना चाहिए, जो लोग ऐसा करते हैं उनके ऊपर से श्री हरि विष्णु के साथ मां लक्ष्मी की कृपा समाप्त हो जाता है।
- इस शुभ दिन पर किसी के बारे में बुरा बोलने से बचना चाहिए।