भदोही जिले में पुलिस मुठभेड़ में घायल एक शातिर इनामी बदमाश अदालत में पेशी के बाद पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। हालांकि, मंगलवार को उसे दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया। इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने तीन कर्मियों को निलंबित कर दिया है।
अदालत से फरार हुआ घायल बदमाश
एक अधिकारी के अनुसार, घायल बदमाश अदालत परिसर से फरार हो गया था। इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की गई।
मुठभेड़ में दो बदमाश गिरफ्तार
पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि सोमवार को औराई थाना क्षेत्र के उगापुर नहर के पास वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस और विशेष अभियान समूह (एसओजी) की संयुक्त टीम ने प्रयागराज जिले के शिवम भारतीय (19) और मोनू तिवारी (22) को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था।
पुलिस पर की थी फायरिंग
एसपी के अनुसार, मोटरसाइकिल पर सवार दोनों बदमाशों को रोकने पर उन्होंने पुलिस टीम पर गोलियां चला दीं। जवाबी कार्रवाई में 25 हजार रुपये का इनामी बदमाश शिवम भारतीय पुलिस की गोली लगने से बाएं पैर में घायल हो गया।
अस्पताल से अदालत और फिर फरारी
मुठभेड़ के बाद घायल शिवम को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के बाद देर शाम उसे और उसके साथी मोनू तिवारी को सिविल जज अनामिका चौहान की अदालत में पेश किया गया।
पेशी के बाद जब दोनों को जेल भेजने के लिए पुलिस वाहन में बैठाया जा रहा था, तभी घायल शिवम लंगड़ाते हुए पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया।
झाड़ियों में छिपा रहा, फिर भागने की कोशिश
पुलिस अधीक्षक के मुताबिक, फरार बदमाश शिवम अदालत परिसर की झाड़ियों में छिपा रहा। मंगलवार सुबह करीब 11 बजे वह भीड़ का फायदा उठाकर परिसर की पिछली दीवार फांदने की कोशिश कर रहा था, तभी वह एक गहरे गड्ढे में गिर गया, जिससे उसका एक पैर टूट गया।
आम लोगों ने पहुंचाया अस्पताल, पुलिस ने पहचाना
घायल अवस्था में कुछ लोग उसे साधारण घायल समझकर अस्पताल ले जा रहे थे। इसी दौरान अदालत परिसर में तैनात पुलिसकर्मियों ने उसे पहचान लिया और तत्काल दोबारा गिरफ्तार कर लिया।
दोनों बदमाशों पर 19 मुकदमे दर्ज
एसपी मांगलिक ने बताया कि शिवम और मोनू तिवारी पर हत्या के प्रयास, लूट सहित विभिन्न थानों में कुल 19 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
लापरवाही पर तीन पुलिसकर्मी निलंबित
इस पूरे मामले में कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप में दो उपनिरीक्षक और एक सिपाही को निलंबित कर दिया गया है।
तीनों के खिलाफ ज्ञानपुर सदर कोतवाली में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और विभागीय कार्रवाई भी की जाएगी।