प्रधानमंत्री **नरेंद्र मोदी** रूस के राष्ट्रपति **व्लादिमीर पुतिन** के निमंत्रण पर 22-23 अक्टूबर को **रूस** की यात्रा करेंगे। इस दौरान वे **ब्रिक्स शिखर सम्मेलन** में भाग लेंगे, जहां ब्रिक्स देशों के नेताओं के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी होने की संभावना है। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य वैश्विक विकास और सुरक्षा के लिए **बहुपक्षवाद को मजबूत करना** है।
शिखर सम्मेलन का विषय वैश्विक विकास और सुरक्षा पर केंद्रित है, जहां ब्रिक्स नेताओं के लिए यह एक महत्वपूर्ण मंच होगा। इसमें ब्रिक्स द्वारा शुरू की गई विभिन्न पहलों की प्रगति का मूल्यांकन किया जाएगा और भविष्य के सहयोग के संभावित क्षेत्रों की पहचान की जाएगी। इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी अन्य आमंत्रित नेताओं और **ब्रिक्स सदस्य देशों** के अपने समकक्षों से मुलाकात करेंगे, जिनका उद्देश्य देशों के बीच गहन सहयोग और जुड़ाव को बढ़ावा देना है।
यह शिखर सम्मेलन वैश्विक चुनौतियों को हल करने के लिए **बहुपक्षीय दृष्टिकोण** पर जोर देगा। इसमें सतत विकास और सुरक्षा के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता को रेखांकित किया जाएगा। भारत, जो ब्रिक्स में एक प्रमुख भूमिका निभाता है, इस शिखर सम्मेलन के परिणामों से **सदस्य देशों के संबंधों** को और मजबूत करने और प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर एकीकृत रुख को बढ़ावा देने की उम्मीद कर रहा है।
उभरते **भू-राजनीतिक परिदृश्य** के बीच, यह शिखर सम्मेलन उन महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा करेगा जो न केवल ब्रिक्स देशों को बल्कि व्यापक वैश्विक समुदाय को भी प्रभावित करते हैं। शिखर सम्मेलन से सदस्य देशों के बीच संबंधों को मजबूत करने और वैश्विक चुनौतियों का समाधान निकालने की दिशा में सामूहिक कदम बढ़ाने की उम्मीद है।