पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग जिले में रविवार को भारी बारिश के कारण भूस्खलन और बाढ़ जैसी स्थिति ने बड़े पैमाने पर तबाही मचाई। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक कम से कम सात लोगों की मौत हो चुकी है और कई क्षेत्रों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
पुल ढहने से सिलीगुड़ी–मिरिक मार्ग बाधित
लगातार हो रही बारिश के कारण दुधिया लोहे के पुल का एक हिस्सा ढह गया। यह पुल सिलीगुड़ी और मिरिक को जोड़ता था।
पुल के टूटने से सिलीगुड़ी–दार्जिलिंग एसएच-12 सड़क पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया है, जिससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भाजपा नेता राजू बिष्ट ने जताया दुख
दार्जिलिंग के सांसद और भाजपा नेता राजू बिष्ट ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया।
उन्होंने एक्स (X) पर लिखा कि उन्हें दार्जिलिंग और कलिम्पोंग जिलों के कई इलाकों में भारी बारिश से हुई तबाही के बारे में जानकर बेहद दुख हुआ है।
उन्होंने बताया कि कई लोगों की मौत, संपत्ति और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान हुआ है। साथ ही उन्होंने कहा कि वह स्थिति का स्वयं जायजा ले रहे हैं और प्रशासन के संपर्क में हैं।
मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने उत्तर बंगाल के पर्वतीय और तराई क्षेत्रों के लिए गंभीर मौसम चेतावनी जारी की है।
अलीपुरद्वार के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है।
कूचबिहार, दार्जिलिंग, कलिम्पोंग और जलपाईगुड़ी के लिए भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी है।
इससे पहले, शनिवार को भी मौसम विभाग ने इन उप-हिमालयी जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया था, क्योंकि क्षेत्र में लगातार तेज बारिश और भूस्खलन की स्थिति बनी हुई है।