असम में बाढ़ की तबाही लगातार जारी है। राज्य के 16 जिलों में 5.6 लाख से अधिक लोग बुरी तरह प्रभावित हैं। अब तक बाढ़ और भूस्खलन से 21 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें से दो मौतें बीते 24 घंटे में हुई हैं।
ब्रह्मपुत्र घाटी में राहत, बराक घाटी में संकट
जहां ब्रह्मपुत्र घाटी के कई हिस्सों में जलस्तर में गिरावट आई है, वहीं बराक घाटी, खासकर श्रीभूमि जिला, अब भी बाढ़ से बुरी तरह जूझ रहा है। धुबरी में ब्रह्मपुत्र नदी अब भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है, जबकि डिब्रूगढ़ से गुवाहाटी तक जलस्तर में कमी दर्ज की गई है।
वन्यजीव भी संकट में
पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य का 70% हिस्सा जलमग्न हो गया है, जिससे गैंडे और अन्य वन्यजीवों को ऊंचे इलाकों में शरण लेना पड़ा है। वन विभाग ने शिकार से बचाव और भोजन की व्यवस्था के लिए गश्त बढ़ा दी है।
राहत और बचाव कार्य जारी
राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के अनुसार:
57 राजस्व क्षेत्रों और 1,406 गांव पानी में डूबे
175 राहत शिविरों में 41,000 से अधिक लोग शरण लिए हुए
210 राहत केंद्र चालू किए गए
2 जिलों में 3,348 लोग शहरी बाढ़ से प्रभावित
मौसम विभाग की चेतावनी
गुवाहाटी मौसम केंद्र ने राज्य के 18 जिलों में गरज के साथ बारिश की चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा शर्मा ने स्थिति का जायज़ा लेने के लिए बराक घाटी का दौरा करने की योजना बनाई है।