खबरों के मुताबिक, बिहार के नए मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने अपने पहले ही फैसलों में बड़ा कदम उठाते हुए पूर्व उपमुख्यमंत्री Vijay Kumar Sinha के आदेश को रद्द कर दिया। इसके तहत करीब ढाई महीने से निलंबित 224 राजस्व कर्मचारियों को बहाल कर दिया गया।
निलंबन की पृष्ठभूमि
विजय कुमार सिन्हा के कार्यकाल में भूमि और राजस्व विभाग के कर्मचारियों की हड़ताल को अनुशासनहीनता मानते हुए कार्रवाई की गई थी। इसी के तहत अलग-अलग आदेश जारी कर 224 अधिकारियों को सस्पेंड किया गया था।
मुख्यमंत्री का फैसला और निर्देश
मुख्यमंत्री Samrat Choudhary ने इस फैसले को पलटते हुए सभी कर्मचारियों को बहाल करने का निर्देश दिया। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अतिरिक्त सचिव महेंद्र पाल ने सभी जिला मजिस्ट्रेटों को पत्र जारी कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
हड़ताल की वजह
राजस्व कर्मचारियों और सर्कल अधिकारियों ने 2 फरवरी से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की थी। इसका कारण राज्य मंत्रिमंडल का 29 जनवरी का वह फैसला था, जिसमें उप-विभागीय राजस्व अधिकारी (SDRO) का नया पद सृजित किया गया था। कर्मचारियों का कहना था कि इससे DCLR की शक्तियां प्रभावित होंगी।
विवाद और चेतावनी
हड़ताल के दौरान Vijay Kumar Sinha ने चेतावनी दी थी कि काम पर नहीं लौटने पर सख्त कार्रवाई होगी। उन्होंने यह भी कहा था कि आंदोलन के पीछे साजिश हो सकती है और इसमें शामिल लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।
राजनीतिक और प्रशासनिक असर
इस फैसले को प्रशासनिक स्तर पर बड़ा बदलाव माना जा रहा है। इससे कर्मचारियों को राहत मिली है और राज्य में चल रहा विवाद कुछ हद तक शांत होने की उम्मीद है।