अटल बिहारी वाजपेयी, भारतीय राजनीति के महानायक और लाखों लोगों के प्रेरणास्त्रोत, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस के आदर्श रहे हैं। फडणवीस के पिता गंगाधरराव फडणवीस के साथ वाजपेयी के अच्छे संबंध थे। प्रमोद महाजन ने पहली बार युवा फडणवीस को वाजपेयी से मिलवाया, जब वह नागपुर में भाजपा की एक बैठक और रैली के लिए आए थे।
ऑटोग्राफ से शुरू हुआ सफर
फडणवीस उस वक्त वाजपेयी का ऑटोग्राफ चाहते थे। यह मुलाकात उनके लिए खास रही। कुछ साल बाद, जब फडणवीस विधायक बने, वाजपेयी ने उन्हें मजाक में “मॉडल विधायक” कहकर संबोधित किया।
वायरल हो रही बचपन की तस्वीर
हाल ही में फडणवीस की वाजपेयी के साथ एक बचपन की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। इस तस्वीर ने दिखाया कि फडणवीस बचपन से ही अटल जी को अपना आदर्श मानते थे और उन्हीं के पदचिह्नों पर चलने का सपना देखते थे।
महाराष्ट्र की राजनीति में फडणवीस का योगदान
भाजपा के मजबूत नेता के रूप में उभरना
महाराष्ट्र की 288 सदस्यीय विधानसभा में 132 सीटें जीतने के साथ भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। शिवसेना और राकांपा के समर्थन से भाजपा नीत महायुति के पास अब 230 सीटें हैं। यह फडणवीस के नेतृत्व की ताकत को दर्शाता है।
शपथ ग्रहण समारोह में होंगे कई बड़े नेता
दक्षिण मुंबई के आजाद मैदान में आयोजित समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। इस समारोह में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) नेता अजित पवार समेत दो उपमुख्यमंत्रियों को भी शपथ दिलाई जाएगी।
अटल बिहारी वाजपेयी की विरासत को आगे बढ़ाते फडणवीस
देवेन्द्र फडणवीस ने बार-बार कहा है कि वाजपेयी उनके आदर्श हैं। उनकी राजनीति और विचारधारा से प्रेरणा लेते हुए फडणवीस महाराष्ट्र की जनता की सेवा में जुटे हुए हैं। उनका मानना है कि अटल जी के दिखाए रास्ते पर चलकर ही देश और राज्य को सशक्त बनाया जा सकता है।