बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) प्रमुख मायावती ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कांग्रेस, समाजवादी पार्टी समेत सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि वे इस कठिन समय में एकजुट होकर सरकार का समर्थन करें।
मायावती ने कहा कि यह समय “घिनौनी राजनीति”, पोस्टरबाजी या बयानबाजी का नहीं है, बल्कि देशहित में एकता दिखाने का है। उन्होंने आगाह किया कि गैर-जिम्मेदार बयानों से आम जनता में भ्रम फैलता है, जिससे देश की सुरक्षा और एकता को नुकसान पहुँच सकता है।
“सड़क पर उतर सकती है बीएसपी” — एसपी और कांग्रेस को चेतावनी
अंबेडकर के अपमान को लेकर जताई नाराजगी
एक अन्य पोस्ट में मायावती ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस को डॉक्टर भीमराव अंबेडकर के सम्मान से जुड़े मुद्दों पर सतर्क रहने की चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अगर अंबेडकर जी का अपमान हुआ, तो बीएसपी सड़कों पर उतर कर विरोध प्रदर्शन करने से पीछे नहीं हटेगी।
उन्होंने कहा कि संविधान निर्माता के सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जा सकता, और यह सभी राजनीतिक दलों की जिम्मेदारी है कि वे उनके विचारों और योगदान का सम्मान करें।
सुरक्षा में चूक पर उठाए सवाल
घटना से देश स्तब्ध, जवाबदेही जरूरी
मायावती ने पहलगाम आतंकी हमले को देश की सुरक्षा व्यवस्था की चूक बताया। उन्होंने कहा कि यह एक लोकप्रिय पर्यटक स्थल है, जहां ऐसी घटना होना बेहद चिंताजनक है। इस हमले से पूरे देश में गुस्सा है और सरकार को इसकी पूरी जिम्मेदारी लेनी चाहिए।