उत्तर प्रदेश में कांवड़ मार्गों पर खाद्य पदार्थों की दुकानों पर ‘नेमप्लेट’ लगाने के निर्देश पर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि यह राज्य सरकार का मामला है, और यदि राज्य सरकार द्वारा कोई विज्ञप्ति जारी की जाती है तो सभी को उसका पालन करना होता है। सांसद कपिल सिब्बल के बयान पर गिरिराज सिंह ने कहा कि मनमोहन सिंह किस पार्टी के प्रधानमंत्री थे और उनके आदेश क्या थे, यह देखना चाहिए। उनके अनुसार, उस समय के आदेश में भी नेमप्लेट लगाने की बात की गई थी।
कपिल सिब्बल ने कहा कि कांवड़ यात्रा पर जो राजनीति की जा रही है, वह भारत को विकसित बनाने की दिशा में नहीं ले जाएगी। उन्होंने प्रधानमंत्री, गृह मंत्री, और मुख्यमंत्रियों से आग्रह किया कि वे केवल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए ऐसे मुद्दे न उठाएं। सिब्बल ने कहा कि आम आदमी को इन मुद्दों से कोई लेना-देना नहीं है और उन्होंने यूपी और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री से इसे रोकने की अपील की। उनका मानना है कि कांवड़ यात्रा पहले भी होती रही है और यात्रा पर जाने वाले लोग यह जानते हैं कि कहां खाना है और कहां नहीं।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि हर दुकान पर दुकानदार अगर अपना नाम लिखता है तो इसमें कोई हर्ज नहीं है। उन्होंने इसे धार्मिक दृष्टिकोण से न देखने की बात की और कहा कि कई बार दुकान खोजने में नाम से आसानी होती है।