‘जय जय जय हनुमान जी राम राम’ हनुमान जी का एक अत्यंत मधुर और भक्तिमय भजन है। इस भजन को आप पूजा, आरती या भक्ति के समय गा या सुन सकते हैं।
हनुमान भजन
जय जय जय हनुमान जी राम राम
भजन के बोल
सोने के सिंहासन पर बैठे मेरे राम जी,
चरणों में बैठे हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
केसर तिलक लगाए मेरे राम जी,
लाल सिंदूर हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
कौशल्या नंदन कहलाए मेरे राम जी,
अंजनी के लाल हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
सारी रामायण में हैं मेरे राम जी,
सुंदरकांड हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
मुक्ति के दाता हैं देखो मेरे राम जी,
भक्ति के दाता हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
पीला पीतांबर पहने मेरे राम जी,
लाल लंगोट हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
फल और मेवा खाते मेरे राम जी,
लड्डूवन का भोग हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।
सारे जगत के मालिक मेरे राम जी,
हमारे तो मालिक हनुमान जी राम राम,
जय जय जय हनुमान जी राम राम।