मेलबर्न: ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाज स्टीव स्मिथ आगामी बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में भारतीय ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन के खिलाफ सक्रिय बल्लेबाजी की रणनीति अपनाने के लिए तैयार हैं। स्मिथ ने 2020-21 श्रृंखला के दौरान अश्विन के खिलाफ संघर्ष का अनुभव किया था, और वह इस बार इस चुनौती से निपटने के लिए तैयारी कर रहे हैं।
स्मिथ ने बताया कि 2023 में अश्विन ने उन्हें दो बार आउट किया था और इस दौरान वह सिर्फ 22 रन ही बना सके थे। उन्होंने कहा, “ऑस्ट्रेलिया में ऑफ स्पिन के खिलाफ आउट होना मुझे पसंद नहीं है, लेकिन अश्विन एक शानदार गेंदबाज हैं और उसकी योजनाएं बहुत प्रभावी होती हैं। कुछ मौकों पर वह मुझ पर दबदबा बनाने में सफल रहा।”
उन्होंने आगे कहा, “एससीजी में मैंने सक्रिय रवैया अपनाकर उसे हावी होने से रोका। ऐसे में मेरी यह कोशिश होगी कि मैं उसे लय हासिल करने का मौका न दूं और अपनी बल्लेबाजी से उस पर दबाव बना सकूं।”
रविचंद्रन अश्विन का ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट गेंदबाजी औसत 42.15 है, जबकि उनका घरेलू औसत 21.57 है। स्मिथ को उम्मीद है कि आगामी श्रृंखला में 38 वर्षीय अश्विन के खिलाफ वह शुरुआती बढ़त हासिल कर सकेंगे।
हाल ही में अश्विन ने कहा था कि उन्होंने स्मिथ के खिलाफ अपनी रणनीतियों को परिष्कृत किया है। उन्होंने ‘चैनल सेवन’ से बात करते हुए कहा, “स्टीव स्मिथ स्पिन के खिलाफ एक आकर्षक खिलाड़ी हैं। उनके पास अनूठी तकनीक है, और वह अपनी रणनीतियों को अच्छी तरह से लागू करते हैं। मैंने उनके खिलाफ खेलने के तरीके को समझने के कई रास्ते ढूंढे हैं।”
स्मिथ ने कहा कि अश्विन का सामना करते वक्त मानसिक चुनौती का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा, “श्रृंखला के शुरुआत में अगर कोई एक खिलाड़ी दबदबा बना ले, तो वह पूरे मैच में हावी हो सकता है।”
35 वर्षीय स्मिथ 10,000 टेस्ट रन से 315 रन दूर हैं और भारत के खिलाफ आगामी श्रृंखला में चौथे क्रम पर अपनी वापसी करेंगे। स्मिथ ने पिछले चार टेस्ट मैचों में पारी का आगाज किया था, लेकिन वह इसमें सफल नहीं रहे थे।