महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने कांग्रेस पर वोट जिहाद फैलाने और मुसलमानों को खुश करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा इस वोट जिहाद के खिलाफ ‘धर्म युद्ध’ लड़ रही है और इसके खिलाफ कड़े कदम उठाए जाएंगे।
फडणवीस ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और महा विकास अघाड़ी (MVA) ने लोकसभा चुनावों में वोट जिहाद का सहारा लिया। उन्होंने कहा कि 12 सीटों पर, जहां मुस्लिम बहुसंख्यक हैं, धार्मिक स्थानों और नेताओं का उपयोग कर अल्लाह के नाम पर शपथ दिलाई गई ताकि भाजपा के खिलाफ वोट किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि यदि एमवीए इस तरह के विभाजनकारी कदम उठाता है, तो भाजपा को ‘धर्म युद्ध’ लड़ने की आवश्यकता होगी।
फडणवीस ने यह भी आरोप लगाया कि विपक्ष मतदाताओं का ध्रुवीकरण कर भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार को अस्थिर करने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने कहा कि महायुति सरकार ने सभी समुदायों को समान लाभ देने वाली योजनाएं बनाई हैं, जैसे कि ‘लाडली बहन योजना’, जो धर्म के आधार पर नहीं बल्कि सभी महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए बनाई गई है।
फडणवीस ने कांग्रेस, शरद पवार और उद्धव ठाकरे पर तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया और कहा कि उनकी रणनीतियाँ सिर्फ वोट बैंक की राजनीति को बढ़ावा देती हैं, जबकि भाजपा समान विकास पर विश्वास करती है। उन्होंने उलेमा काउंसिल द्वारा एमवीए को सौंपे गए 17-सूत्रीय चार्टर को खतरनाक बताते हुए कहा कि इसमें मुसलमानों के लिए आरक्षण और दंगों में शामिल मुस्लिम युवाओं के खिलाफ मामलों को वापस लेने की मांग की गई है।
फडणवीस ने भाजपा की विकासात्मक और समावेशी नीतियों की प्रशंसा करते हुए विपक्ष के विभाजनकारी एजेंडे की कड़ी आलोचना की। उनका कहना था कि भाजपा हमेशा समानता और न्याय की पक्षधर रहेगी, और धर्म युद्ध के जरिए यह सुनिश्चित करेगी कि महाराष्ट्र की एकता बनी रहे।