20 सितंबर (शनिवार) को रोहिणी के बुध विहार इलाके में दिल्ली पुलिस और कुख्यात गोगी गिरोह के सदस्यों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई। गोलीबारी के दौरान पुलिस ने गिरोह के तीन सदस्यों को पकड़ा, जबकि दो अन्य घायल हो गए।
मुठभेड़ तब हुई जब अपराधी हथियारों से लैस खतरनाक कार में यात्रा कर रहे थे।
संदिग्ध कार पर कार्रवाई
रोहिणी सेक्टर-24 स्थित बांके बिहारी मंदिर के पास पुलिस ने एक संदिग्ध सफेद स्विफ्ट कार को रोका। खुफिया जानकारी से पता चला कि गोगी गिरोह का लल्लू और उसके साथी किसी गौ रक्षक दल के प्रमुख के घर पर गोलीबारी करने की योजना बना रहे थे।
मुठभेड़ और गिरफ्तारी
पुलिस अधिकारियों के अनुसार:
गैंगस्टर लल्लू उर्फ़ अशरू (23) और उसका सहयोगी इरफान (21) मुठभेड़ में घायल हो गए।
मुठभेड़ लगभग रात 2:40 बजे शुरू हुई।
आरोपियों ने पुलिस की गाड़ी को टक्कर मारने के साथ अंधाधुंध गोलियां चलाईं।
पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसके बाद हल्की गोलीबारी हुई।
घायल लल्लू और इरफान को अस्पताल ले जाया गया, उनकी हालत स्थिर है।
एक अन्य आरोपी नितेश (30) को पकड़ा गया, जबकि दो अन्य आरोपी भाग निकले।
बरामदगी और अपराध इतिहास
गिरफ्तार आरोपियों के पास से पुलिस ने बरामद किया:
दो अत्याधुनिक पिस्तौल
एक देसी कट्टा
पुलिस के अनुसार:
लल्लू जेल में बंद अपने भाई के नाम पर नसरू गैंग चलाता है।
लल्लू पांच मामलों में शामिल, जिनमें दो हत्या के प्रयास और दो डकैती शामिल हैं।
इरफान पर हत्या के प्रयास के दो मामले दर्ज हैं।
नितेश धोखाधड़ी के मामलों में शामिल था।
आरोपियों के खिलाफ नया मामला दर्ज और बाकी साथियों को पकड़ने के प्रयास जारी हैं।
दिल्ली पुलिस का ऑपरेशन आघात
दिल्ली पुलिस ने ‘ऑपरेशन आघात’ नाम से बड़ा अभियान चलाया।
अभियान में 50 से ज़्यादा अपराधियों को गिरफ्तार किया गया।
समन्वित छापेमारी में 13 पिस्तौल और भारी मात्रा में नशीले पदार्थ ज़ब्त किए गए।
यह कार्रवाई शहर में अपराध और नशीले पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने, संगठित अपराधी नेटवर्क को निशाना बनाने और जन सुरक्षा सुनिश्चित करने के दिल्ली पुलिस के निरंतर प्रयास का हिस्सा है।