केंद्र सरकार ने जीएसटी काउंसिल की बैठक में 12% और 28% टैक्स स्लैब को खत्म करने का निर्णय लिया है। अब केवल 5% और 18% टैक्स स्लैब लागू होंगे।
आम आदमी को राहत
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि यह बदलाव आम आदमी को राहत देने के लिए किया गया है। रोज़मर्रा के उपयोग की कई चीज़ें सस्ती होंगी, जिससे मध्यम वर्ग और किसानों को सीधा लाभ मिलेगा।
5% स्लैब में आने वाली वस्तुएँ
हेयर ऑयल, टॉयलेट सोप, शैंपू, टूथब्रश, टूथपेस्ट
साइकिल, टेबलवेयर, किचनवेयर
दूध, पनीर, छेना, सभी प्रकार की रोटियाँ (शून्य कर)
खाद्य पदार्थ: नमकीन, सॉस, पास्ता, इंस्टेंट नूडल्स, चॉकलेट, कॉफी, मक्खन, घी आदि
कृषि मशीनें, जैव-कीटनाशक, हस्तशिल्प और संगमरमर आदि
18% स्लैब में आने वाली वस्तुएँ
एयर कंडीशनर, 32 इंच से बड़े टीवी, डिशवाशिंग मशीनें
छोटी कारें और 350 सीसी तक की मोटरसाइकिलें
बसें, ट्रक और एम्बुलेंस
सभी ऑटो पार्ट्स
सीमेंट
मानव निर्मित धागा और रेशा
दवाओं पर बड़ा फायदा
33 जीवन रक्षक दवाओं पर जीएसटी शून्य
कैंसर और दुर्लभ बीमारियों की दवाओं पर कर घटाकर 5%
कई औषधियाँ 12% से घटाकर 5%
ऊर्जा और कृषि क्षेत्र को राहत
उर्वरक में प्रयुक्त सल्फ्यूरिक एसिड, नाइट्रिक एसिड, अमोनिया पर कर 18% से घटाकर 5%
नवीकरणीय ऊर्जा उपकरण जैसे सौर पैनल, पवन चक्की, बायोगैस संयंत्र पर कर 12% से घटाकर 5%
विलासिता और तंबाकू पर 40% कर
तंबाकू, पान मसाला, गुटखा, बीड़ी और शीतल पेय जैसे उत्पादों पर विशेष 40% कर लगाया गया है।