भाजपा नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान छात्रों से कहा कि भगवान हनुमान जी को पहला अंतरिक्ष यात्री माना जा सकता है। उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि केवल पाठ्यपुस्तकों तक सीमित न रहकर भारत की परंपराओं, संस्कृति और प्राचीन ज्ञान को भी समझना चाहिए।
यूरी गगारिन और पहला अंतरिक्ष मिशन
हालांकि यह सर्वविदित तथ्य है कि सोवियत अंतरिक्ष यात्री यूरी गगारिन 12 अप्रैल 1961 को अंतरिक्ष यात्रा करने वाले पहले व्यक्ति थे। वहीं भारत की ओर से राकेश शर्मा वर्ष 1984 में पहले भारतीय अंतरिक्ष यात्री बने थे।
ऊना में राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस का आयोजन
ठाकुर शनिवार को हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के पीएम श्री स्कूल में आयोजित राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस पर छात्रों को संबोधित कर रहे थे।
इस दिवस का उद्देश्य छात्रों को नई शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप समतामूलक और समावेशी समाज निर्माण की दिशा में प्रेरित करना है।
परंपराओं से जुड़ने का संदेश
छात्रों से संवाद के दौरान ठाकुर ने प्रश्न किया –
“अंतरिक्ष में जाने वाला पहला कौन था?”
जब छात्रों ने अलग-अलग उत्तर दिए, तो मुस्कुराते हुए ठाकुर ने कहा –
“मुझे तो लगता है हनुमान जी थे।”
भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रम की उपलब्धियाँ
राकेश शर्मा लगभग 40 साल पहले पहले भारतीय अंतरिक्ष यात्री बने।
2025 में ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला दूसरे भारतीय अंतरिक्ष यात्री बने।
हाल ही में इसरो (ISRO) ने दिल्ली में भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन (BAS) के मॉडल का अनावरण किया।
इसका पहला मॉड्यूल 2028 तक लॉन्च होने और 2035 तक पूर्ण संचालन की उम्मीद है।
यह स्टेशन सूक्ष्म गुरुत्वाकर्षण अध्ययन और लंबी अवधि के मानव अंतरिक्ष मिशनों के लिए अहम साबित होगा।