माता लक्ष्मी और भगवान नारायण की पूजा हिंदू धर्म में सुख, समृद्धि और आध्यात्मिक शांति का प्रतीक मानी जाती है। यह भजन भक्तों के मन में भक्ति, विश्वास और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है।
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि लिरिक्स
मंगलाचरण
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
तेरी लीला सबसे न्यारी न्यारी हरि हरि ।
भज मन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
हरी ॐ नमो नारायणा, ॐ नमो नारायणा
हरी ॐ नमो नारायणा
लक्ष्मी-नारायण स्तुति
लक्ष्मी नारायण नारायण हरि हरि
बोलो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
सत्य नारायण भजन
सत्य नारायण नारायण हरि हरि
जपो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
सूर्य नारायण वंदना
सूर्य नारायण नारायण हरि हरि
बोलो नारायण नारायण हरि हरि ।
भज मन नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
विष्णु नारायण स्तुति
विष्णु नारायण नारायण हरि हरि
जपो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
बद्रीनारायण भक्ति
बद्रीनारायण नारायण हरि हरि
बोलो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो मन नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
ब्रह्म एवं चंद्र नारायण वंदना
ब्रह्म नारायण नारायण हरि हरि
जपो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
चन्द्र नारायण नारायण हरि हरि
बोलो नारायण नारायण हरि हरि ।
भजो नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।।
भक्तिभाव एवं स्तुति
भक्तों के प्यारे हरि हरि
आधार हमारे हरि हरि ।
तन मन में बसे हो हरि हरि
कण-कण में बसे हो हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि ।।
तेरी छवि है सुंदर न्यारी न्यारी हरि हरि
तेरी मूरत मंगलकारी हरि हरि हरि
शरण में अपनी ले लो हरि हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि ।।
शरणागति प्रार्थना
पृथ्वी नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।
हम आए शरण तिहारी हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि ।।
शिव नारायण नारायण हरि हरि
जय जय नारायण नारायण हरि हरि ।
तेरी मूरत मंगलकारी हरि हरि हरि
शरण में अपनी ले लो हरि हरि हरि ।।
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि
श्रीमन नारायण नारायण हरि हरि ।।